इंटरनेशनल सोसाइटी ऑफ ब्लड ट्रांसफ्यूजन ने इस दुर्लभ रक्त समूह का नाम ईएमएम निगेटिव रखा है. इसमें ईएमएम नहीं होता है. ईएमएम लाल रक्त कोशिकाओं में एंटीजन होता है. इस रक्त समूह के व्यक्ति न किसी को खून दे सकते हैं और न ही उन्हें किसी का खून चढ़ाया जा सकता है.
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की रिपोर्ट के मुताबिक, मई को दुनिया का पहला मामला ब्रिटेन में मिला था. दुनियाभर में मंकीपॉक्स के 11076 मामले सामने आ चुके हैं. जिसमें सबसे ज्यादा मंकीपॉक्स मरीज स्पेन, ब्रिटेन, जर्मनी और अमेरिका में मिले हैं. वहीं, मंकीपॉक्स से इस साल अब तक तीन मरीजों की मौत हो चुकी है.
देश के वर्कफोर्स में महिलाओं की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा हिमाचल प्रदेश और छत्तीसगढ़ की है. हिमाचल की बात करें तो यहां वर्कफोर्स में महिलाओं की हिस्सेदारी 45.2 फीसदी है तो वहीं, छत्तीसगढ़ में यह आंकड़ा 41.4 फीसदी है.
दिल्ली एम्स प्लास्टिक सर्जरी कराने के लिए 50 फीसदी से अधिक मरीज ट्रॉमा से आते हैं. जिनकी प्लास्टिक सर्जरी जटिल होती है. देश में लगभग 2500 प्रशिक्षित प्लास्टिक सर्जन हैं. जो अपनी कार्य कुशलता से लोगों की जिंदगी संवार रहे हैं.
थायरॉइड से ग्रसित महिलाएं अपना वेट लॉस करने को चार बातों का रखें ध्यान, डाइट में शामिल करें ये चीजें
थाॅयराइड से पीड़ित वुमैन के लिए सबसे मुश्किल काम बढ़ता वजन कंट्रोल करना होता है. वेट कंट्रोल करने के लिए जरूरी एक्सरसाइज करें और इसके साथ ही अपनी डाइट में जरूरी पोषक तत्वों भी शामिल करें.
लखनऊ / आगरा.
यूपी में बाल विकास परियोजनाओं को लेकर बुधवार को वेबकास्ट के जरिए समस्त आंगनवाड़ी पर पोषण पाठशाला का आयोजन किया गया. जिसमें विशेषज्ञों ने विभाग की सेवाओं, पोषण प्रबंधन, कुपोषण से बचाव के उपाय, पोषण शिक्षा और प्रभावी स्तनपान कराने की तकनीकी जानकारी दी. आगरा में राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र(एनआईसी) में वेबकास्ट…
यूरोप में 21 दिन तक 64 लोगों पर रिसर्च की गई. जिसमें भूख के स्तर और भावनात्मक स्वास्थ्य को विभिन्न पैमानों से मापा. ऐप के जरिए हर प्रतिभागी में भूख स्तर की रोजाना पांच बार रिपोर्ट दर्ज की गई. जिसमें चिड़चिड़ापन और क्रोध में वृद्धि देखी गई.
ब्रिटिश मेडिकल जर्नल में दिल्ली एम्स का एक रिसर्च पेपर प्रकाशित हुआ है. जो भारत समेत दुनियाभर के लोगों में कोरोना संक्रमण के बाद होने वाली पेट से जुड़ी बीमारियों पर की गई स्टडी पर आधारित है.
नैरोबी फ़्लाई (नैरोबी मक्खी) अफ्रीकन मूल की है. जो सात हजार किलोमीटर दूर से यहां पर आई है. यह नैरोबी मक्खियां अफ्रीका से सिक्कम और उत्तर बंगाल होकर अब बिहार में प्रवेश कर चुकी हैं.
आज कोल्ड ड्रिंक्स पीना एक स्टेटस सिंबल है. घर में पार्टी हो या लांग ड्राइव. हर किसी की पसंद कोल्ड-ड्रिंक्स ही होती है. कोल्ड-ड्रिंक्स अधिक पीने के साइड इफेक्ट्स भी बहुत हैं. इससे मोटापा और मेमोरी लॉस का भी खतरा रहता है.
