वीडियो को लेकर यूजर ने लिखा है, ‘बाल विवाह ही ठीक था…अब तो विवाह तक बाल ही नहीं बचते’. तो दूसरे अन्य यूजर ने लिखा, ‘मुझे नहीं पता कि आप क्या कह रहे हैं, लेकिन सुनने में अच्छा लग रहा है’.
रिसर्चर ने अपनी स्टडी में पांच लाख लोग शामिल किए. जो सीमित मात्रा से अधिक नमक का सेवन करते थे. स्टडी के मुताबिक, अतिरिक्त नमक का सेवन करने वालों की मौत का जोखिम अधिक होता है. रिसर्च में पहली बार नमक के सेवन और मृत्यु दर में संबंध सामने आया है.
भारत में किशोर और युवा आबादी है. दुनिया की बात करें तो सन 2030 तक भारत सबसे युवा आबादी वाला देश रहेगा. यहां के युवा कई चुनौतियों का सामना करने के बाद भी भागीदारी और नेतृत्व में निवेश के साथ सामाजिक और आर्थिक भाग्य को बदल सकते हैं.
विश्व जनसंख्या पखवाड़ा में परिवार नियोजन के प्रति लक्ष्य दंपत्तियों को परिवार नियोजन के साधन अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा.
आगरा शहर में आठ मास्टर कोच ही परिवार नियोजन के उपायों को बेहतर तरीके से समुदाय तक पहुंचाने में आशाओं और स्टाफ की मदद करेंगे. बैछक में प्ले ग्राउंड रणनीति पर भी चर्चा हुई. इसके लिए पांच शहरी स्वास्थ्य केंद्रों को चयनित किया है.
जिले में मंगलवार से अंत्योदय आयुष्मान पखवाड़े की शुरूआत हुई है. पखवाड़े में 20 जुलाई तक शत प्रतिशत अंत्योदय लाभार्थियों का आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा है. इसलिए इसमें जनप्रतिनिधियों का भी सहयोग लिया जाएगा.
डायटीशियन की मानें तो हमें अपनी डाइट में कच्ची, ताजी सब्जियां भी शामिल करनी चाहिए. यदि हम इन मौसमी सब्जियों का जूस पिएं तो सेहत के लिए और बेहतर रहेगा. इस बात का हमेशा ध्यान रखें कि, ताजी सब्जियों के जूस के ही लाभप्रद होता है.
असहनीय दर्द से परेशान और पेन किलर की हैवी डोल लेने वाले मरीजों के लिए अच्छी खबर है. अब उन्हें दर्द में राहत के लिए न पेन किलर लेनी होगी और न ही नींद की गोली का सेवन करना होगा. एक विशेष उपकरण से उन्हें दर्द में राहत मिलेगी.
सेना में भर्ती होने के बाद डॉ. एमसी डावर ने अपनी सेवाएं देना शुरू कर दिया. सन 1971 में जब भारत-पाकिस्तान के बीच जंग हुई. तब उनकी पोस्टिंग बांग्लादेश में थी. डॉ. डावर बताते हैं कि, मैंने न जाने कितने घायल जवानों का इलाज किया.
नई दिल्ली. आज डॉक्टर्स डे है. आज mobycapsule.com उन चिकित्सकों की कहानी लेकर आया है. जिन्होंने विपरीत परिस्थिति में काम किया. संघर्ष किया और अपनी एक अलग पहचान बनाई. इस खबर में एम्स के दो डॉक्टर्स के संघर्ष की कहानी है. इनमें एक ने पढ़ाई करने के लिए बचपन में सब्जी बेची, मजदूरी की, सीमेंट…
